दरगाह में चढ़ाये जाने वाले फूलों से खाद के प्लांट का उद्घाटन
अजमेर। ख्वाजा साहब की दरगाह पर चढ़ाये जाने वाले फूलों की खाद बनाने के प्लांट का गुरूवार को जिला कलेक्टर आरती डोगरा एवं दरगाह कमेटी के अध्यक्ष अमीन पठान ने उद्घाटन किया।
जिला कलेक्टर आरती डोगरा ने समारोह में कहा कि फूलों से खाद बनाने का कार्य पर्यावरण एवं स्वच्छता के लिए एक मिसाल है। इस अनोखी पहल से विभिन्न क्षेत्रों को लाभ मिलेगा। दरगाह स्वच्छ आईकॉनिक पैलेस के रूप में चिन्हित है। इस कार्य में हिन्दुस्तान जिंक के द्वारा सहयोग प्रदान किया जा रहा है। सीएसआर फण्ड के सदुपयोग का सबसे उत्तम उदाहरण है। ख्वाजा साहब की दरगाह पर चढ़ने वाले गुलाब के फूलों से कम्पोस्ट बनाने के प्लांट के आरम्भ होने से स्वच्छता में वृद्धि होंगी। साथ ही कम्पोस्ट का उपयोग पौधों के लिए करने से रासायनिक खादों से मुक्ति मिलेगी।
दरगाह कमेठी के अध्यक्ष अमीन पठान ने कहा कि हिन्दुस्तान जिंक सामाजिक सरोकारों के लिए समर्पित संस्थान है। इसके द्वारा पूरे राजस्थान कई कल्याणकारी कार्य संचालित किए जा रहें है। दरगाह पर चढ़ाये गए फूलों का कम्पोस्ट निर्माण में उपयोग एक अद्भुत पहल है। यह नवाचार सबके लिए नजीर का कार्य करेगा। यह प्लांट पूरी समता से कार्य करेगा तो पर्यावरण के लिए अच्छा संदेश जाएगा। इससे देश के विभिन्न स्थानों पर स्वच्छता के लिए नई पहल का मार्ग प्रशस्त होगा।
हिन्दुस्तान जिंक कायड़ माइन के इकाई प्रधान बलवन्त सिहं राठौड़ ने कायड़ माइन के सामाजिक सरोकार सीएसआर कार्यक्रमों के बारे अवगत कराया। कार्यक्रम के अन्त में दरगाह नाजिम आइ बी पीरजादा ने उपस्थित मेहमानों का धन्यवाद ज्ञापित किया।
कार्यक्रम के दौरान अंजुमन कमेटी के सचिव एंव सहसचिव, हिन्दुस्तान जिंक के अधिकारीगण ग्राम गगवाना, कायड़ के गा्रमिणों सहित हिन्दुस्तान जिंक के सहयोगी खुशी परियोजना एंव शिक्षा संबल परियोजना के प्रतिनिधि उपस्थित थे ।
जिला कलेक्टर आरती डोगरा ने समारोह में कहा कि फूलों से खाद बनाने का कार्य पर्यावरण एवं स्वच्छता के लिए एक मिसाल है। इस अनोखी पहल से विभिन्न क्षेत्रों को लाभ मिलेगा। दरगाह स्वच्छ आईकॉनिक पैलेस के रूप में चिन्हित है। इस कार्य में हिन्दुस्तान जिंक के द्वारा सहयोग प्रदान किया जा रहा है। सीएसआर फण्ड के सदुपयोग का सबसे उत्तम उदाहरण है। ख्वाजा साहब की दरगाह पर चढ़ने वाले गुलाब के फूलों से कम्पोस्ट बनाने के प्लांट के आरम्भ होने से स्वच्छता में वृद्धि होंगी। साथ ही कम्पोस्ट का उपयोग पौधों के लिए करने से रासायनिक खादों से मुक्ति मिलेगी।
दरगाह कमेठी के अध्यक्ष अमीन पठान ने कहा कि हिन्दुस्तान जिंक सामाजिक सरोकारों के लिए समर्पित संस्थान है। इसके द्वारा पूरे राजस्थान कई कल्याणकारी कार्य संचालित किए जा रहें है। दरगाह पर चढ़ाये गए फूलों का कम्पोस्ट निर्माण में उपयोग एक अद्भुत पहल है। यह नवाचार सबके लिए नजीर का कार्य करेगा। यह प्लांट पूरी समता से कार्य करेगा तो पर्यावरण के लिए अच्छा संदेश जाएगा। इससे देश के विभिन्न स्थानों पर स्वच्छता के लिए नई पहल का मार्ग प्रशस्त होगा।
हिन्दुस्तान जिंक कायड़ माइन के इकाई प्रधान बलवन्त सिहं राठौड़ ने कायड़ माइन के सामाजिक सरोकार सीएसआर कार्यक्रमों के बारे अवगत कराया। कार्यक्रम के अन्त में दरगाह नाजिम आइ बी पीरजादा ने उपस्थित मेहमानों का धन्यवाद ज्ञापित किया।
कार्यक्रम के दौरान अंजुमन कमेटी के सचिव एंव सहसचिव, हिन्दुस्तान जिंक के अधिकारीगण ग्राम गगवाना, कायड़ के गा्रमिणों सहित हिन्दुस्तान जिंक के सहयोगी खुशी परियोजना एंव शिक्षा संबल परियोजना के प्रतिनिधि उपस्थित थे ।